गरियाबंद से एक दुखद खबर है कि मां के साथ तीज त्यौहार मानने आया 7 वर्षीय मासूम बालक अर्पित यादव 26 अगस्त को अचानक लापता हो गया था। बालक रायपुर से अपने नाना के घर तीज के त्योहार पर पहुंचा था। जिसके बाद बच्चे के नाना ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसकी तलाश में पांडुका पुलिस और परिजन लगे हुए थे। ऐसे में दुखद खबर आई है कि बच्चे का शव आज नाले में मिला है।
मिली जानकारी के अनुसार 7 वर्षीय अर्पित यादव रायपुर से तीज के त्योहार पर अपने नाना के घर पांडुका पहुंचा था। 26 अगस्त की शाम अर्पित खेलते खेलते घर के गेट से बाहर निकल गया। उसके बाद से उसका कुछ पता नहीं चला । घर वालों ने काफी खोज बिन की और जब नहीं मिला तो पांडुका थाने में रात 8 बजे बच्चे के नाना ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
लगभग 1 किमी की दूर मिला शव
जिसके बाद पांडुका पुलिस ने तुरंत आसपास खोजबीन व तलाशी अभियान शुरू किया। 27 अगस्त की सुबह पांडुका पुलिस ने उसके नाना के घर से लगे नहर में भी तलाशी ली थी लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया था। परिजन और पुलिस बच्चे की खोजबिन में लगे हुए थे जिसके बाद आज सुबह बच्चे का शव नहर किनारे मिला है।
रेस्क्यू टीम ने आशंका के आधार पर आज सुबह फिर से नहर में खोजबिन की। जिसके बाद बच्चे का शव नहर में लगभग 1 किमी की दूरी पर मिला है। आशंका जताई जा रही है कि बच्चा खेलते-खेलते नहर के पास आया होगा। पांडुका थाना प्रभारी कृष्ण कुमार जांगड़े ने बताया कि पुलिस ने शव का पंचनामा कर पोस्ट मार्टम के लिए भेज दिया है। साथ ही पुलिस मामले में आगे की कार्रवाई कर रही है।
बच्चे की मौत से परिवार में मातम छा गया है। अर्पित अपनी मां के साथ तीज का त्योहार मनाने पहुंचा था लेकिन त्योहार की ये खुशियां मातम में बदल गई। 7 वर्षीय मासूम अर्पित यादव के शव का नहर से मिलना न सिर्फ परिवार, बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए एक गहरा सदमा है। तीजा जैसे पर्व के दिन जब हर घर में खुशियाँ होनी चाहिए थी, उस दिन इस मासूम की लापता होने की खबर ने पूरे माहौल को शोका
कुल बना दिया।