भगवान श्री जगन्नाथ की पावन रथयात्रा के अवसर पर मोदे नगरी निवासी प्रसिद्ध लीफ आर्टिस्ट विकास शांडिल्य ने अपनी अनूठी कला का प्रदर्शन करते हुए पीपल के पत्ते पर भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और माता सुभद्रा की आकर्षक आकृति उकेरी है।
इस विशेष कलाकृति में भगवानों के मुकुट, गले की माला, पारंपरिक वस्त्र एवं श्रृंगार को अत्यंत बारीकी और सुंदरता के साथ दर्शाया गया है। कलाकार ने अपनी इस रचना के माध्यम से भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा की महिमा को जीवंत रूप दिया है।
लीफ आर्टिस्ट विकास शांडिल्य ने बताया कि उनकी यह कलाकृति भगवान जगन्नाथ के प्रति श्रद्धा और आस्था का प्रतीक है। उन्होंने समस्त प्रदेशवासियों एवं श्रद्धालुओं को जगन्नाथ रथयात्रा की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और मंगल की कामना की।
विकास शांडिल्य की इस अनूठी लीफ आर्ट की स्थानीय लोगों द्वारा सराहना की जा रही है। श्रद्धालुओं का कहना है कि इस प्रकार की कलात्मक प्रस्तुति भारतीय संस्कृति, धार्मिक आस्था और पारंपरिक कला को नई पहचान देने का कार्य करती है।
