जनपद पंचायत मगरलोड़ अंतर्गत ग्राम ग्राम नारधा के ग्रामीणों ने पात्र हितग्राहियों का नाम काटकर सम्पन्न एवं सक्षम परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिये जाने की शिकायत करते हुए गरीब व पात्र हितग्राहियों का नाम सूची में शामिल करने की मांग की है। शिकायत लेकर जिला कार्यालय पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम नारधा में प्रधानमंत्री आवास प्लस 2.0 का सर्वे किया गया था। जिसमे सेल्फ सर्वे का भी विकल्प रखा गया था कुछ संपन्न तथा चालाक लोगो ने अपनी लाखों संम्पत्ति छुपाकर सर्वे में गलत जानकारी देकर आवास मै पात्र हिताग्रही बन गया है जिसे ग्राम सभा में नियमों की अनदेखी कर सबको पात्र कर दिया है जिसमें सभी हितग्राहियों का सर्वे होना बताया गया था। लेकिन जारी सर्वे सूची में उनका नाम शामिल नहीं है। इस संबंध में ग्राम पंचायत में रोजगार सहायक व पंचायत सचिव से जानकारी लेने पर उनके द्वारा गोलमोल जवाब देकर पल्ला झाड़ लिया गया। वहीं जनपद पंचायत से जानकारी मांगने पर बताया जा रहा है कि सिर्फ पात्र हितग्राहियों का नाम सूची में आया है।मांग को लेकर राधा बाई साहू, भोजबाई, रुखमणी बाई, राधिका, देहूती, दशोदा, उतरा बाई, केकई बाई, हेमिन, जागेश्वरी, टिकेश्वरी
निषाद, प्रमिला बाई, राजश्री, कुशाल राम, देवबती साहू, नंदनी साहू, खोरबाहरिन, चुम्मन साहू, उर्वशी, दयाबाई, गैदीबाई सहित अन्य ग्रामीण बड़ी संख्या में पहुंचे थे।
लखपति संम्पन्न परिवारो का नाम सूची में शामिल
ग्रामीणों का कहना है कि जो
सूची जारी किया गया है। उसमें पात्र हितग्राहियों का नाम छोड़कर सम्पन्न एवं सक्षम परिवारों का नाम शामिल है। जिनके घर कार लाखों की बिल्डिंग सरकारी नौकरी है वे छल कपट गलत जानकारी अपलोड कर आवास के पात्र सूची में जोड़ने में सफल हो गए है जो कि अन्यायपूर्ण है।
ग्रामीणों की मांग
ग्रामीणो ने मांग कि है कि आवास प्लस 2.0 की सूची में सभी गरीब हितग्राही का नाम जुड़ना चाहिए जारी सूची में सभी गरीब एवं पात्र हितग्राहियों का नाम शामिल नही है
करोड़पति जनपद सभापति के घर तीन आवास हितग्राही का नाम
नाम नही छापने के शर्त पर बताया गया कि जनपद पंचायत संभापति तिलोत्मा साहू ने लाखों रुपये की संपत्ति रहते हुए गलत जानकारी देकर अपने परिवार के सास देवरानी के नाम से तीन लोगों का पात्र आवास की सूची में शामिल हैं जबकि उनके परिवार में आलिसान पक्का महल 50 एकड़ की सिचिंत भूमि कार ट्रेक्टर सब कुछ है बावजूद ग्राम सभा मै गुट बनाकर नियमों को ताक में रखकर अपने परिवार जन को पात्र सूची में करवा दिया है
वही सरकारी कर्मचारी पक्का माकान जेसीबी ट्रेक्टर कार होते हुए गलत सर्वे कर अपने माता के नाम से आवास सूची के पात्रता मै नाम जुड़वाया है
ग्राम सभा में नियमों को रखा ताक में
प्रधानमंत्री आवास सूची २.० का अनुमोदन ग्राम सभा में पात्र अपात्र का चयन शासन के 12 बिन्दुओ पर होना था लेकिन सभी नियमों को ताक मै रखकर पात्र कर दिया गया है
